बड़ा फैसला…महिलाओं, युवाओं और भूतपूर्व सैनिकों के रोजगार को लेकर बनेगी अलग-अलग नीति

सीएम धामी ने कहा कि युवाओं और महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़ने के लिए मौन पालन, एप्पल मिशन और बागवानी के लिए हर ब्लॉक में प्रारंभिक चरण में 200 लोगों को प्रशिक्षण दिया जाएगा।उत्तराखंड में महिलाओं, युवाओं और भूतपूर्व सैनिकों के रोजगार, स्वरोजगार के लिए अलग-अलग नीतियां बनेंगी। अपराध पीड़ितों की सहायता और गवाहों के संरक्षण की योजनाओं को भी धामी कैबिनेट ने मंजूरी दे दी है।बुधवार को सदन की कार्यवाही स्थगित होने के बाद मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में भराड़ीसैंण में कैबिनेट की बैठक हुई। बैठक में तय हुआ कि महिलाओं, युवाओं और भूतपूर्व सैनिकों के रोजगार के साधन बढ़ाने, कौशल विकास, सरकारी और निजी संस्थानों में नौकरी प्रदान करने के लिए तीनों वर्गों के लिए अलग-अलग नीति बनाई जाएगी।प्रतियोगी परीक्षाओं के तैयारी जैसे सरकारी सेवा, नीट, नर्सिंग, विदेशी भाषाओं का प्रशिक्षण, आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस आदि के क्षेत्र में प्रशिक्षण की व्यवस्था की जाएगी। वृहद स्तर पर युवा महोत्सव और रोजगार मेलों का आयोजन किया जाएगा। व्यावसायिक शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए आईटीआई, पॉलिटेक्निक और स्कूल आपसी समन्वय से कार्य करेंगे। युवाओं को रोजगार से जोड़ने के लिए अल्पकालिक, माध्यकालिक और दीर्घकालिक योजना के तहत कार्य किए जाएंगे।




